उज्जैन में हाउसिंग बोर्ड की कार्रवाई से हड़कंप, 500 संपत्तियों को नोटिस; कई लोगों ने खुद हटाए शटर
आवासीय मकानों में व्यावसायिक गतिविधियों को लेकर कार्रवाई, लीज निरस्त होने के डर से दुकानों और कमर्शियल निर्माण को हटाने में जुटे मकान मालिक

उज्जैन। मध्य प्रदेश हाउसिंग बोर्ड की कॉलोनियों में आवासीय संपत्तियों के व्यावसायिक इस्तेमाल को लेकर जारी नोटिसों के बाद कई इलाकों में हलचल बढ़ गई है। अतिरिक्त विश्व बैंक कॉलोनी, इंदिरा नगर और आजाद नगर सहित करीब 10 कॉलोनियों में लगभग 500 मकान और भूखंड बोर्ड की कार्रवाई के दायरे में बताए जा रहे हैं। नोटिस में बिना अनुमति किए गए व्यावसायिक बदलाव हटाने के निर्देश दिए गए हैं।
हाउसिंग बोर्ड की कार्रवाई के बाद कई संपत्ति मालिकों ने लीज निरस्त होने की आशंका के चलते अपने स्तर पर ही दुकानें, शटर और अन्य व्यावसायिक ढांचे हटाने शुरू कर दिए हैं। कुछ स्थानों पर दुकानों की दीवारें तोड़ी जा रही हैं, जबकि कहीं शटर हटाकर दोबारा दरवाजे लगाए जा रहे हैं, ताकि संपत्ति का उपयोग आवासीय स्वरूप में किया जा सके।
नोटिस के बाद खुद हटाने लगे व्यावसायिक निर्माण
बताया जा रहा है कि हाउसिंग बोर्ड की ओर से जिन संपत्तियों का आवंटन आवासीय उपयोग के लिए किया गया था, उनमें कई जगह दुकान, गोदाम और कार्यालय जैसी गतिविधियां संचालित हो रही थीं। बोर्ड ने ऐसे मामलों को चिह्नित कर संबंधित संपत्ति मालिकों को कारण बताओ नोटिस जारी किए हैं।
नोटिस में कथित तौर पर यह स्पष्ट किया गया है कि यदि आवासीय संपत्ति में बिना अनुमति किए गए व्यावसायिक बदलाव निर्धारित प्रक्रिया के तहत नहीं हटाए गए, तो लीज निरस्त करने की कार्रवाई की जा सकती है। इसी आशंका के चलते कई लोगों ने कार्रवाई का इंतजार करने के बजाय खुद ही निर्माण हटाना शुरू कर दिया है।
देवेंद्र सिंह ने बताई परिवार की परेशानी
कार्रवाई से प्रभावित बताए जा रहे क्षेत्रवासी देवेंद्र सिंह ने अपनी पारिवारिक परेशानी साझा की। उनका दावा है कि नोटिस मिलने के बाद उन्हें आर्थिक और पारिवारिक दबाव का सामना करना पड़ा। देवेंद्र सिंह के अनुसार, इसी वर्ष उनकी बेटी की शादी तय थी और तैयारियां भी चल रही थीं, लेकिन संपत्ति को लेकर पैदा हुई स्थिति के कारण उन्हें शादी रद्द करनी पड़ी।
उनका कहना है कि शादी के लिए बुक किए गए मैरिज गार्डन और होटल की बुकिंग भी निरस्त करवानी पड़ी। हालांकि, यह देवेंद्र सिंह का व्यक्तिगत दावा है; नोटिस और कार्रवाई का प्रभाव प्रत्येक संपत्ति के मामले में अलग-अलग हो सकता है।
करीब 10 कॉलोनियां कार्रवाई के दायरे में
हाउसिंग बोर्ड की कार्रवाई से प्रभावित बताए जा रहे क्षेत्रों में अतिरिक्त विश्व बैंक कॉलोनी, इंदिरा नगर और आजाद नगर प्रमुख हैं। करीब 10 कॉलोनियों में आवासीय संपत्तियों के व्यावसायिक उपयोग की जांच के बाद नोटिस जारी किए जाने की बात सामने आई है।
फिलहाल कई मकान मालिक अपने स्तर पर कमर्शियल सेटअप हटाकर संपत्ति को आवासीय स्वरूप में वापस लाने की कोशिश कर रहे हैं। वहीं, जिन मामलों में लीज निरस्तीकरण की प्रक्रिया शुरू होने की बात कही जा रही है, उनमें आगे की कार्रवाई संबंधित नियमों और दस्तावेजों के आधार पर तय होगी।



