विक्रम विश्वविद्यालय परिसर बना हरियाली का केंद्र, नगर निगम ने लगाए 11 हजार पौधे
'एक पेड़ मां के नाम' अभियान को मिली नई गति, फलदार और छायादार प्रजातियों के पौधे लगाए गए।
उज्जैन। पर्यावरण संरक्षण को जनआंदोलन का स्वरूप देने की दिशा में नगर निगम उज्जैन ने अमृत हरित महाअभियान के तहत मंगलवार को उल्लेखनीय पहल की। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की मंशा के अनुरूप विक्रम विश्वविद्यालय परिसर में एक ही दिन में 11 हजार से अधिक पौधों का रोपण कर हरित उज्जैन अभियान को नई गति दी गई।

अभियान के दौरान महापौर मुकेश टटवाल, नगर निगम आयुक्त अभिलाष मिश्रा, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्रेयांश कूमट तथा उद्यान विभाग के अपर आयुक्त योगेंद्र सिंह पटेल ने स्वयं पौधरोपण कर नागरिकों को पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। कार्यक्रम में सामाजिक संस्थाओं, स्वयंसेवी संगठनों, पर्यावरण प्रेमियों और वृक्ष मित्रों ने भी उत्साहपूर्वक भागीदारी निभाई।

नगर निगम ने अभियान की पूर्व तैयारियों के तहत पौधरोपण स्थल पर गड्ढों की व्यवस्था कर कटहल, करंज, अमरूद, शीशम, जामुन, गुलमोहर सहित विभिन्न छायादार एवं फलदार प्रजातियों के पौधे लगाए। प्रशासन ने स्पष्ट किया कि लगाए गए सभी पौधों की सुरक्षा, नियमित देखभाल और जियो-टैगिंग सुनिश्चित की जाएगी। साथ ही इनका विवरण ‘मेरी लाइफ’ पोर्टल पर भी दर्ज किया जाएगा, जिससे उनकी निगरानी प्रभावी ढंग से हो सके।
नगर निगम ने आगामी दो माह के भीतर शहर और आसपास के क्षेत्रों में 10 लाख से अधिक पौधे लगाने का महत्वाकांक्षी लक्ष्य निर्धारित किया है। इस अभियान में आम नागरिकों की सहभागिता बढ़ाने के लिए विभिन्न सामाजिक संगठनों और स्वयंसेवी संस्थाओं को भी जोड़ा जाएगा

महापौर मुकेश टटवाल, निगम अध्यक्ष कलावती यादव और निगम आयुक्त अभिलाष मिश्रा ने शहरवासियों से अपील की कि वे केवल पौधे लगाने तक सीमित न रहें, बल्कि उनकी देखभाल और संरक्षण का भी संकल्प लें। उनका कहना था कि जनभागीदारी से ही उज्जैन को हरित, स्वच्छ और पर्यावरण अनुकूल शहर बनाया जा सकता है।
अभियान के दौरान सहायक आयुक्त पवन कुमार फुलफकीर, उपयंत्री पूजा जायसवाल, उद्यान विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों ने पौधरोपण एवं व्यवस्थाओं में सक्रिय भूमिका निभाई।



