जनसुनवाई में कलेक्टर रौशन कुमार सिंह ने सुनी 134 शिकायतें, अधिकारियों को दिए समयबद्ध निराकरण के निर्देश
वेतन भुगतान, अतिक्रमण, पीएम आवास, चरनोई भूमि और ग्रामीण मार्ग समेत विभिन्न मामलों पर त्वरित कार्रवाई के निर्देश

उज्जैन। प्रशासनिक संकुल भवन में मंगलवार को आयोजित जनसुनवाई में कलेक्टर रौशन कुमार सिंह ने जिलेभर से आए नागरिकों की समस्याएं सुनीं। जनसुनवाई के दौरान कुल 134 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें राजस्व, विद्युत, सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल और ग्रामीण विकास से जुड़े मामलों पर सुनवाई की गई। कलेक्टर ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रत्येक प्रकरण का नियमानुसार और निर्धारित समय-सीमा में निराकरण सुनिश्चित किया जाए।
बैठक के दौरान विभिन्न विभागों में लंबित मामलों की समीक्षा भी की गई। कलेक्टर ने स्पष्ट कहा कि जनहित से जुड़े प्रकरणों को अनावश्यक रूप से लंबित नहीं रखा जाए और शिकायतकर्ताओं को समय पर राहत उपलब्ध कराई जाए।
जनसुनवाई में तराना निवासी राजेंद्र परिहार ने जनपद पंचायत में भृत्य पद पर कार्यरत होने के बावजूद अक्टूबर 2025 से लंबित वेतन भुगतान का मुद्दा उठाया। इस पर कलेक्टर ने संबंधित मामले में सीईओ जनपद पंचायत तराना को नियमानुसार कार्रवाई कर शीघ्र भुगतान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
झारड़ा तहसील के ग्राम कंथारिया निवासी शिवप्रताप सिंह ने चरनोई की शासकीय भूमि पर अवैध कब्जे की शिकायत दर्ज कराई। कलेक्टर ने मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई के लिए तहसीलदार झारड़ा को निर्देशित किया।
इसी प्रकार नागदा के बिरलाग्राम निवासी धर्मेंद्र सिंह ने मृत पशुओं के दफन के लिए आरक्षित भूमि पर अवैध कब्जे की शिकायत की। इस मामले में एसडीएम नागदा को जांच कर नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
खाचरौद क्षेत्र के ग्राम चापानेर निवासी नागुसिंह ने प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ नहीं मिलने की शिकायत की। कलेक्टर ने आवेदन पर सीईओ जनपद पंचायत खाचरौद को पात्रता के अनुसार आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
महिदपुर के ग्राम खेड़ाखजुरिया निवासी अजित सिंह ने खेत तक जाने वाले पारंपरिक मार्ग के अवरुद्ध होने की शिकायत प्रस्तुत की। इस संबंध में एसडीओ राजस्व महिदपुर को मौके की जांच कर समस्या का समाधान करने के निर्देश दिए गए।
जनसुनवाई में सीईओ जिला पंचायत श्रेयांस कूमट, एडीएम अत्येंद्र सिंह गुर्जर, अपर कलेक्टर शाश्वत शर्मा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने भी नागरिकों की समस्याएं सुनकर संबंधित मामलों में आवश्यक कार्रवाई की।



