सिंहस्थ-2028 की तैयारियों को मिलेगी रफ्तार, मार्ग चौड़ीकरण, अंडरपास और हरिफाटक ब्रिज निर्माण में तेजी लाने के निर्देश
संभागायुक्त आशीष सिंह और कलेक्टर रौशन कुमार सिंह ने विकास कार्यों का किया निरीक्षण, निर्माण एजेंसियों को आपसी समन्वय और निर्धारित समय-सीमा में काम पूरा करने के निर्देश।

उज्जैन, 14 अक्टूबर 2026। सिंहस्थ-2028 को ध्यान में रखते हुए उज्जैन में चल रहे सड़क चौड़ीकरण, अंडरपास और ब्रिज निर्माण कार्यों को गति देने के लिए प्रशासन ने निगरानी बढ़ा दी है। बुधवार को संभागायुक्त एवं सिंहस्थ मेला अधिकारी आशीष सिंह और कलेक्टर रौशन कुमार सिंह ने शहर में प्रस्तावित और प्रगतिरत विभिन्न निर्माण कार्यों का निरीक्षण कर संबंधित अधिकारियों को जरूरी निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान नगर निगम आयुक्त अभिलाष मिश्रा सहित संबंधित विभागों के अधिकारी और इंजीनियर मौजूद रहे। अधिकारियों ने रविशंकर नगर-भगत सिंह मार्ग चौड़ीकरण, गदापुलिया चौराहे पर प्रस्तावित अंडरपास और हरिफाटक ब्रिज की तीसरी भुजा के निर्माण कार्यों की स्थिति का जायजा लिया।
निर्माण एजेंसियों को आपसी समन्वय के साथ काम करने के निर्देश
संभागायुक्त आशीष सिंह ने कहा कि सिंहस्थ-2028 से जुड़े महत्वपूर्ण निर्माण कार्य निर्धारित समय-सीमा में पूरे किए जाने चाहिए। इसके लिए सभी निर्माण एजेंसियां और संबंधित विभाग आपसी तालमेल के साथ काम करें। किसी भी तकनीकी अड़चन, अनुमति या विभागीय समस्या के कारण काम में देरी नहीं होनी चाहिए।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि निर्माण कार्यों की नियमित समीक्षा की जाए और समस्याओं का तत्काल समाधान निकाला जाए। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की मंशा के अनुरूप सिंहस्थ से संबंधित विकास कार्यों को समय पर पूरा करने के लिए कार्यों की गति और गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने को कहा गया।
गदापुलिया अंडरपास और सड़क चौड़ीकरण की समीक्षा
निरीक्षण के दौरान संभागायुक्त ने पीडब्ल्यूडी सिंहस्थ डिवीजन द्वारा प्रस्तावित गदापुलिया चौराहा अंडरपास की वर्तमान स्थिति और आगे की कार्ययोजना की जानकारी ली। उन्होंने निर्देश दिए कि अंडरपास के निर्माण की योजना इस तरह तैयार की जाए, जिससे यातायात का संचालन सुचारु बना रहे और सिंहस्थ के दौरान आने वाले श्रद्धालुओं के साथ स्थानीय नागरिकों को भी आवागमन में परेशानी न हो।
इसके बाद गदापुलिया से रविशंकर नगर-भगत सिंह मार्ग तक प्रस्तावित सड़क चौड़ीकरण कार्य का निरीक्षण किया गया। इस दौरान संबंधित अधिकारियों से कार्य की प्रगति और आवश्यक प्रक्रियाओं की जानकारी लेकर जरूरी काम जल्द पूरा करने पर जोर दिया गया।
हरिफाटक ब्रिज की तीसरी भुजा और रोटरी पर भी नजर
संभागायुक्त और कलेक्टर ने एमपीआरडीसी द्वारा कराए जा रहे हरिफाटक ब्रिज की तीसरी भुजा के निर्माण कार्य का भी जायजा लिया। अधिकारियों ने ब्रिज के नीचे प्रस्तावित रोटरी निर्माण की ड्राइंग देखी और कार्य की वर्तमान स्थिति तथा आगामी योजना पर चर्चा की।
संभागायुक्त ने कहा कि ब्रिज और अंडरपास जैसे महत्वपूर्ण निर्माण कार्यों के लिए रेलवे सहित सभी संबंधित विभागों के साथ समय रहते समन्वय स्थापित किया जाए। आवश्यक अनुमतियों और तकनीकी मामलों का निराकरण प्राथमिकता से किया जाए, ताकि निर्माण कार्यों की रफ्तार बनी रहे।
नियमित मॉनिटरिंग और समय-सीमा पर जोर
आशीष सिंह ने संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि वे अपने-अपने कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग करें और निर्माण एजेंसियों के साथ लगातार संपर्क बनाए रखें। उन्होंने कहा कि विभागों के बीच समन्वय की कमी के कारण किसी भी परियोजना में अनावश्यक विलंब नहीं होना चाहिए।
प्रशासन का उद्देश्य सिंहस्थ-2028 से पहले शहर की प्रमुख सड़कों और यातायात से जुड़े बुनियादी ढांचे को बेहतर बनाना है, जिससे पर्व के दौरान श्रद्धालुओं की आवाजाही सुगम रहे और स्थानीय नागरिकों को भी सुविधा मिल सके।
निरीक्षण के दौरान अपर आयुक्त संतोष टैगोर, एमपीआरडीसी के दीपक शर्मा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, इंजीनियर और निर्माण एजेंसियों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।



