महाकाल को चढ़े दुनिया के सबसे महंगे आम, 2.70 लाख रुपये किलो के मियाज़ाकी ने खींचा श्रद्धालुओं का ध्यान
जबलपुर के दंपति ने विदेशी प्रीमियम आम भगवान महाकाल को किए अर्पित, वर्षों से पहली फसल समर्पित करने की निभा रहे हैं परंपरा।

उज्जैन। विश्व प्रसिद्ध श्री महाकालेश्वर मंदिर में मंगलवार को श्रद्धा और आस्था का एक अनूठा दृश्य देखने को मिला। जबलपुर से आए एक श्रद्धालु दंपति ने भगवान महाकाल को दुनिया के सबसे महंगे माने जाने वाले मियाज़ाकी आम सहित कई विदेशी प्रीमियम किस्मों के आम भोग स्वरूप अर्पित किए। दुर्लभ फलों की यह भेंट मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं के बीच चर्चा और आकर्षण का विषय बन गई।
जबलपुर निवासी संकल्प सिंह परिहार और उनकी पत्नी रानी सिंह ने विधि-विधान के साथ पूजन-अर्चन करने के बाद लगभग तीन किलोग्राम वजन के आठ विशेष हाइब्रिड आम भगवान महाकाल को अर्पित किए। अंतरराष्ट्रीय बाजार में इन आमों की अनुमानित कीमत करीब 8 लाख रुपये बताई जा रही है।
मियाज़ाकी सहित कई विदेशी किस्मों के आम किए समर्पित
रानी सिंह ने बताया कि भगवान महाकाल को अर्पित किए गए आमों में जापान की प्रसिद्ध मियाज़ाकी (Taiyo-no-Tamago) किस्म भी शामिल है, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करीब 2.70 लाख रुपये प्रति किलोग्राम तक मानी जाती है। इसके अलावा ऑस्ट्रेलियन मैंगो, आर2-ई2 और अन्य प्रीमियम विदेशी किस्मों के आम भी भोग में शामिल किए गए।
उन्होंने बताया कि उनका महाकाल हाइब्रिड फार्म लगभग 12 एकड़ क्षेत्र में फैला हुआ है। फार्म की सफलता को वे भगवान महाकाल का आशीर्वाद मानते हैं। इसी श्रद्धा के चलते वर्ष 2014 से प्रत्येक सीजन की पहली फसल सबसे पहले बाबा महाकाल को अर्पित करने की परंपरा निभा रहे हैं।
महंगे आमों की सुरक्षा के लिए विशेष इंतजाम
संकल्प सिंह परिहार ने बताया कि उनके फार्म में उगने वाले दुर्लभ और महंगे आमों की सुरक्षा के लिए आधुनिक व्यवस्थाएं की गई हैं। पूरे बगीचे में सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं, जबकि रात के समय सुरक्षा के लिए 18 विदेशी नस्ल के प्रशिक्षित कुत्तों की निगरानी रहती है।
उन्होंने बताया कि फार्म में मियाज़ाकी, ब्लैक मैंगो, मल्लिका, आम्रपाली सहित 24 से अधिक किस्मों के करीब 1000 आम के पेड़ लगाए गए हैं। इसके साथ ही कई विशेष और दुर्लभ प्रजातियों की खेती भी की जा रही है। पिछले करीब 15 वर्षों से वे विदेशी और हाइब्रिड किस्मों के आमों का उत्पादन कर रहे हैं।
महंगे विदेशी आमों की यह अनोखी भेंट श्रद्धालुओं के बीच दिनभर चर्चा का विषय बनी रही और बड़ी संख्या में लोग इन्हें देखने के लिए उत्सुक दिखाई दिए।



