महाकाल की भस्म आरती में शामिल हुईं रूपाली गांगुली, नंदी हॉल में बैठकर की आराधना
अभिनेत्री ने भगवान महाकाल का जलाभिषेक कर लिया आशीर्वाद, बोलीं—आज जो भी हूं, बाबा की कृपा से हूं

उज्जैन, 23 जुलाई 2026। लोकप्रिय टेलीविजन अभिनेत्री रूपाली गांगुली गुरुवार तड़के ज्योतिर्लिंग महाकालेश्वर मंदिर पहुंचीं। उन्होंने प्रातःकालीन भस्म आरती में शामिल होकर भगवान महाकाल के दर्शन किए। इस दौरान अभिनेत्री करीब दो घंटे तक नंदी हॉल में बैठीं और पूरी श्रद्धा के साथ आरती में भाग लिया।
भस्म आरती के दौरान रूपाली गांगुली सिर पर दुपट्टा ओढ़े भगवान महाकाल की भक्ति में लीन नजर आईं। आरती संपन्न होने के बाद उन्होंने भगवान महाकाल का जलाभिषेक किया और सुख-समृद्धि की कामना करते हुए आशीर्वाद लिया।
मन अशांत होने पर महाकाल के दरबार आती हैं रूपाली
दर्शन के बाद रूपाली गांगुली ने महाकाल मंदिर से अपने जुड़ाव के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि उनके जीवन और सफलता पर भगवान महाकाल की विशेष कृपा रही है। जब भी उनका मन विचलित होता है, वह उज्जैन आकर बाबा महाकाल के दर्शन करने का प्रयास करती हैं।
अभिनेत्री ने कहा कि भस्म आरती का आध्यात्मिक अनुभव बेहद विशेष है और इसकी अनुभूति को शब्दों में पूरी तरह व्यक्त करना संभव नहीं है। मंदिर का वातावरण उन्हें मानसिक शांति और सकारात्मक ऊर्जा देता है।
नियमित रूप से दर्शन करने उज्जैन पहुंचती हैं
रूपाली गांगुली के अनुसार वह पहली बार वर्ष 2020 में महाकालेश्वर मंदिर आई थीं। इसके बाद से वह नियमित अंतराल पर भगवान महाकाल के दर्शन करने का प्रयास करती हैं। वह जनवरी 2024, जनवरी 2025 और कुछ महीने पहले भी उज्जैन आ चुकी हैं।
अभिनेत्री ने बताया कि व्यस्त शूटिंग कार्यक्रम के बावजूद वह लगभग हर दो महीने में महाकाल के दर्शन की योजना बनाने की कोशिश करती हैं।
‘अनुपमा’ से घर-घर में मिली पहचान
कोलकाता में जन्मीं रूपाली गांगुली ने कम उम्र में अभिनय की दुनिया में कदम रखा था। उनके पिता अनिल गांगुली हिंदी सिनेमा के चर्चित फिल्म निर्देशक रहे हैं। रूपाली ने फिल्मों और टेलीविजन के कई कार्यक्रमों में काम किया है।
टीवी धारावाहिक ‘अनुपमा’ में मुख्य भूमिका निभाने के बाद उन्हें देशभर में खास लोकप्रियता मिली। इससे पहले धारावाहिक ‘साराभाई वर्सेस साराभाई’ में निभाया गया उनका मोनिशा का किरदार भी दर्शकों के बीच काफी पसंद किया गया था।



