गुरु पूर्णिमा पर सांदीपनि आश्रम पहुंचे मुख्यमंत्री मोहन यादव, स्वरचित पुस्तक गुरु चरणों में की समर्पित

श्रीकृष्ण की शिक्षास्थली के गौरवशाली इतिहास का किया उल्लेख; कुंडेश्वर और सर्वेश्वर महादेव मंदिर में भी पूजन-अर्चन

उज्जैन, 29 जुलाई। गुरु पूर्णिमा के अवसर पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने उज्जैन के ऐतिहासिक महर्षि सांदीपनि आश्रम पहुंचकर पूजन-अर्चन और आरती की। इस दौरान उन्होंने आश्रम के प्राचीन इतिहास को अद्वितीय बताते हुए कहा कि यह पवित्र स्थल भारतीय गुरु-शिष्य परंपरा का महत्वपूर्ण केंद्र है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि धार्मिक मान्यता के अनुसार लगभग 5100 वर्ष पूर्व भगवान श्रीकृष्ण ने अपने परम मित्र सुदामा के साथ इसी आश्रम में महर्षि सांदीपनि से शिक्षा प्राप्त की थी। यहां अर्जित ज्ञान के बाद भगवान श्रीकृष्ण ने विश्व को धर्म, कर्म और जीवन दर्शन का मार्ग दिखाया।

महर्षि सांदीपनि को समर्पित की स्वरचित पुस्तक

पूजन के दौरान मुख्यमंत्री ने अपनी लिखी पुस्तक ‘महर्षि सांदीपनि: भारतीय गुरुकुल परंपरा के शिल्पी’ की प्रति महर्षि सांदीपनि की प्रतिमा के समक्ष समर्पित की। उन्होंने कहा कि गुरु पूर्णिमा अपने गुरुजनों के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने और उनकी शिक्षाओं को जीवन में अपनाने का पर्व है।

पूजन-अर्चन पंडित कीर्ति रूपम व्यास और राहुल व्यास ने संपन्न कराया। आश्रम के पुजारी परिवार ने मुख्यमंत्री को दुपट्टा ओढ़ाकर और स्मृति चिह्न प्रदान कर सम्मानित किया।

प्राचीन शिव मंदिरों में भी किए दर्शन

सांदीपनि आश्रम में मुख्य पूजा के बाद मुख्यमंत्री ने परिसर में स्थित प्राचीन कुंडेश्वर महादेव और सर्वेश्वर महादेव मंदिर पहुंचकर दर्शन एवं पूजन किया। उन्होंने प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि और कल्याण की कामना की।

मुख्यमंत्री ने बताया कि गुरु पूर्णिमा के अवसर पर उज्जैन के प्रमुख धार्मिक स्थलों से संबंधित विकास कार्यों की शुरुआत हो रही है। शहर को गीता भवन के रूप में भी एक महत्वपूर्ण सौगात मिलने जा रही है।

श्रीकृष्ण, बलराम और गुरु सांदीपनि का पंचामृत अभिषेक

महर्षि सांदीपनि के वंशज और आश्रम के मुख्य पुजारी पंडित कीर्ति रूपम व्यास ने बताया कि गुरु पूर्णिमा पर परंपरानुसार विशेष धार्मिक अनुष्ठान आयोजित किए गए। सुबह भगवान श्रीकृष्ण, बलराम और गुरु सांदीपनि का पंचामृत अभिषेक कर विशेष श्रृंगार और पूजन किया गया।

बच्चों का कराया गया स्लेट पूजन

आश्रम में पहली बार शिक्षा शुरू करने वाले छोटे बच्चों का स्लेट पूजन भी कराया गया। इस परंपरा के अंतर्गत बच्चों को विधि-विधान से अक्षर ज्ञान की शुरुआत कराई जाती है। अभिभावकों ने गुरु सांदीपनि और भगवान श्रीकृष्ण का आशीर्वाद लेकर बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

कार्यक्रम में विधायक अनिल जैन कालूहेड़ा, उज्जैन विकास प्राधिकरण अध्यक्ष डॉ. रवि सोलंकी, नगर भाजपा अध्यक्ष संजय अग्रवाल, महापौर मुकेश टटवाल, प्रशासनिक अधिकारी और पुजारी परिवार के सदस्य उपस्थित रहे।

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